पानीपत
Panipat
(City in Haryana, India)
Summary
पानीपत : इतिहास और वर्तमान
पानीपत हरियाणा में स्थित एक ऐतिहासिक शहर है। इसका संस्कृत नाम 'पाण्डुप्रस्थ' है, जिसका अर्थ है 'पांडु का शहर'। यह दिल्ली से 95 किलोमीटर उत्तर और चंडीगढ़ से 169 किलोमीटर दक्षिण में NH-1 पर स्थित है। यह शहर तीन प्रमुख लड़ाइयों - 1526, 1556 और 1761 - का गवाह रहा है, जिसने भारत के इतिहास को बदल कर रख दिया।
बुनकरों का शहर : पानीपत को "बुनकरों का शहर" और "वस्त्र नगरी" के नाम से भी जाना जाता है। यह "कपड़ा रीसाइक्लिंग का वैश्विक केंद्र" होने के कारण "कास्ट-ऑफ कैपिटल" के रूप में भी जाना जाता है।
उद्योग और प्रदूषण : पानीपत ऊन और कपास की मिलिंग, साल्टपीटर शोधन, और कांच, बिजली के उपकरणों और अन्य उत्पादों के निर्माण सहित विभिन्न प्रकार के विनिर्माण उद्योगों का घर है। हालांकि, यह भारत में गंभीर रूप से प्रदूषित औद्योगिक क्षेत्रों की सूची में शामिल है। शहर का व्यापक पर्यावरण प्रदूषण सूचकांक (सीईपीआई) 71.91 है जबकि अंकलेश्वर (गुजरात) का 88.50 है।
पानीपत का ऐतिहासिक महत्व : पानीपत का युद्धक्षेत्र तीन लड़ाइयों का स्थल रहा है जिन्होंने भारत के इतिहास को बदल दिया:
- पहली लड़ाई (1526): इस लड़ाई में बाबर ने इब्राहिम लोदी को हराकर मुगल साम्राज्य की नींव रखी।
- दूसरी लड़ाई (1556): इस लड़ाई में अकबर ने हेमु को हराकर मुगल साम्राज्य को सुदृढ़ किया।
- तीसरी लड़ाई (1761): यह लड़ाई मराठा संघ और अहमद शाह अब्दाली के बीच हुई थी। इस निर्णायक लड़ाई में मराठाओं की हार हुई और ब्रिटिश शासन का मार्ग प्रशस्त हुआ।
संक्षेप में: पानीपत एक ऐतिहासिक और औद्योगिक रूप से महत्वपूर्ण शहर है जिसने भारत के इतिहास को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।